संध्या सुमिरन करो रे मन मेरो SANDHYA SUMIRAN KARO RE Lyrics

 संध्या सुमिरन करो रे 
SANDHYA SUMIRAN KARO RE Lyrics



अंतिम पद :

चंद्र सखी भज बाल कृष्ण छवि - २ 
हरी के चरण चित धरिये रे -२ 
मन मेरो ... 



टिप्पणियाँ